जिन्दगी के उतार चढाव में झांकने की एक कोशिश का नाम है जीवन धारा। बह रहे है इस धार में या मंझधार में कौन जाने?
Sunday, August 26, 2018
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Sunita Sharma Khatri : कितनी ही कहानियां हमारे जीवन के चँहु ओर बिखरी रहती हैं कुछ भुला दी जाती है कुछ लिखी जाती हैं. हर दिन सवेरा होता है, ...
life's stories
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बुधवार को बागेशवर के कपकोट के सुमगढ में सरस्वती शिशु मंदिर में बादल फटने के कारण स्कूल के मलबे मे 18 मासूमों की जाने चली गयी टी.वी चैनलों म...
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मां.......................! एक सुखद अहसास है मां का शब्द गहरी पीडा में मुक्ति का बोध थकान में आराम जन्नत है उसकी गोद हर शब्द कम ...
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जीवन जीने के लिए क्यों बहाने खोजता है इन्सान ? बिना किसी मकसद के जीवन क्या जीवन रह जाता है जब कोई मकसद नही रहता वह मायूसी में खो जाता है इन्...
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जीवन में कितने ही उतार चढाव आते है पर जीवन कभी नही रूकता अगर कभी तुम थकने लगो कुछ नये रंग भरो रोज के थकाने वाले ढर्रे को छोड हमेशा नया करत...
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जो नही है साथ ,भारतीय सिनेमा का सदाबहार अभिनेता देवआन्नद जिन्होने बरसों तक आम जनमानस के दिलों पर राज किया । उनकी मृत्यु से सभी को धक्का सा ल...
